ईरान पर ब्रिटेन के गंभीर आरोप पर अब्बास अराग़ची ने जवाब दिया

ब्रिटिश प्रधानमंत्री एंडी बर्नम ने कहा है कि सरकार को इस बात के 'मजबूत संकेत' मिले हैं कि आरएएफ़ फेयरफ़र्ड की घटना में ईरान की भूमिका थी। 

एंडी बर्नम ने ये दावा बीबीसी से बातचीत के दौरान किया है। हालांकि, उन्होंने इस दावे के संबंध में कोई विस्तृत जानकारी साझा नहीं की। 

दरअसल, हाल ही में ब्रिटेन के आरएएफ़ फेयरफ़र्ड एयरबेस के पास चरमपंथी हमले की साज़िश के संदेह में पांच लोगों को गिरफ़्तार किया गया था। यह मिलिट्री बेस अमेरिका से भी जुड़ा है। 

इसी घटना के पीछे ब्रिटिश प्रधानमंत्री ने ईरान की भूमिका बताई है। 

ब्रिटिश प्रधानमंत्री के बयान पर ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराग़ची ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि ब्रिटेन के नेता गलत दिशा में देख रहे हैं। 

अब्बास अराग़ची ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर लिखा, "पीएम बर्नम कहते हैं कि ब्रिटेन की सरकार इस बात की पुष्टि कर सकती है कि आरएएफ़ फेयरफर्ड की घटना में ईरान की भूमिका रही है। मैं ईरान के इस विश्वास की पुष्टि कर सकता हूँ कि दूसरे देशों के लिए काम करने वाले कथित आतंकवादियों को छोड़ना अपने आप में सब कुछ कह देता है। आप ग़लत जगह पर निशाना लगा रहे हैं।"

दरअसल, अराग़ची का इशारा था कि अभियुक्तों को ज़मानत पर क्यों छोड़ा गया है। यही सवाल बीबीसी ने भी पीएम एंडी बर्नम से पूछा। इसके जवाब में उन्होंने कहा कि अभियुक्तों को जमानत की कड़ी शर्तों के साथ छोड़ा गया है। 

पीएम ने कहा, "मुझे लगता है कि लोगों को यह समझने की जरूरत है कि जब कहा जाता है कि उन्हें छोड़ दिया गया, तो इसका मतलब वैसा नहीं है, जैसा लोग सोच सकते हैं। जाहिर तौर पर उन पर सबसे कड़ी जमानत की शर्तें लागू हैं। अधिकारी इस मामले को बहुत सख्ती से संभाल रहे हैं और इस पर बहुत करीब से नजर रखी जा रही है। मैं आपको इसका भरोसा दिला सकता हूं।"